सांसद देवजी पटेल ने जालोर जिलें में अतिरिक्त जवाहर नवोदय विद्यालय खोलने की लोकसभा सत्र के दौरान रखी मांग

सांचौर। जालोर-सिरोही सांसद देवजी पटेल ने गुरूवार को 17 वीं लोकसभा के द्वितीय सत्र के दौरान नियम 377 के तहत संसदीय क्षेत्र के जिला जालोर में अतिरिक्त जवाहर नवोदय विद्यालय खोलने की मांग रखी। सांसद पटेल ने बताया कि जालोर जिला साक्षरता एवं शिक्षा के क्षेत्र में पिछडा हुआ हैं तथा जिले की साक्षरता दर 2011 की जनगणना के अनुसार 55.58 प्रतिशत हैं जिससे पुरूषो एवं महिलाओ की साक्षरता दर क्रमश: 71.83 तथा 38.73 है। राजस्थान में यह जिला सबसे कम साक्षरता वाला जिला हैं। तथा साक्षरता में लैंगिक अंतर भी सबसे अधिक हैं। पंचायतीराज मंत्रालय भारत सरकार द्वारा इसे पिछडे जिले के रूप में चिन्हित किया गया है तथा यह जिला बी.आर.जी.एफ योजना में चिन्हित है। यहां अनुसूचित जाति कुल जनसंख्या का 18.6 प्रतिशत तथा अ.ज.जा. 9.00 प्रतिशत हैं। जिले का भूगौलिक विस्तार बहुत बडा है। जो वर्तमान जवाहर नवोदय विद्यालय जसवंतपुरा जो जिला मुख्यालय से 112 कि. मी. दूरी पर है। वर्ष 1987 में स्थापना के बाद नि:शुल्क एवं गुणवतापूर्ण शिक्षा उपलब्ध करवा रहा हैं एवं एक और अतिरिक्त जवाहर नवोदय विद्यालय जिला मुख्यालय के समीप में स्वीकृत किये जाने की आवश्यकता हैं ताकि और अधिक संख्या में बच्चो को गुणवता पूर्ण शिक्षा दी जा सके। यह नया विद्यालय जालोर, सायला, आहोर एवं भीनमाल पंचायत समिति क्षेत्र के छात्रो के प्रवेश के लिए तथा वर्तमान में संचालित जवाहर नवोदय विद्यालय जसंवतपुरा रानीवाडा, सांचौर एवं चितलवाना पंचायत समिति के छात्रो के प्रवेश के लिए होगा। यहां के छात्रों की समस्या को देखते हुए तथा विशेष परिस्थतियों को मध्यनजर रखते हुए जिला मुख्याल्य के समीप में एक और अतिरिक्त जवाहर नवोदय विद्यालय खोला जायें।