समाज निर्माण के लिए शिक्षक का दायित्व महत्वूपर्ण, राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील का 59 वां प्रदेश शैक्षिक सम्मेलन सम्पन्न


सांचौर। राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील का दो दिवसीय 59 वां प्रदेश शैक्षिक सम्मेलन का समापन समारोह का आयोजन स्थानीय राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर में प्राचार्य हिंमाशु पंडिया के मुख्य आतिथ्य में एवं राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील के प्रदेशाध्यक्ष वन्नाराम चौधरी की अध्यक्षता में तथा नगर पालिका नेता प्रतिपक्ष बीरबल विश्नोई, पुलिस उपाधीक्षक अनिल सारण के विशिष्ठ आतिथ्य में किया गया। इस दौरान सम्मेलन में वक्ताओं ने शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं को उठाया। इस दौरान समापन समारोह को सम्बोधित करते हुए प्राचार्य हिंमाशु पंडिया ने कहा कि आज हमें सार्वजनिक शिक्षा को बचाना होगा, हमें देश में साम्प्रदायिक शक्तियों से लडऩा होगा, शिक्षक ने हमेशा समाज का पथ प्रदर्शक किया है, हमें संगठित होकर हमारी ज्वंलत समस्याओं को लेकर संघर्ष करना होगा। पुलिस उपाधीक्षक अनिल सारण ने कहा कि हमें विद्यालयों में अभाव में प्रभाव दिखाकर ग्रामीण क्षेत्रों में गरीब व किसानों तथा मजदूरों के बच्चों को आगे बढ़ाने का संकल्प लेना होगा। संगठन के प्रदेशाध्यक्ष वन्नाराम चौधरी ने 59 वें प्रदेश सम्मेलन के भव्य आयोजन के लिए जिला शाखा जालोर का आभार जताते हुए कहा कि हमारा संगठन आगामी दिनों में एनपीएस को लेकर जोरदार संघर्ष का आगाज करेंगा। हमें इस आंदोलन को मजबूति प्रदान करना होगा। संगठन के मुख्य महामंत्री पूनमचंद विश्नोई ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा शिक्षकों को केन्द्र के अनुरूप मंहगाई भत्ता नहीं देने पर आक्रोश करते हुए सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि समय रहते डीए की घोषणा नहीं की तो आगामी पंचायत चुनाव में कांग्रेस सरकार को इसका परिणाम भूगतना पड़ेगा। जिलाध्यक्ष किशनलाल सारण ने कहा कि सम्मेलन में राजस्थान भर से हजारों शिक्षकों की भागीदारी रही एवं दो दिवसीय सम्मेलन में जिन साथियों ने प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग किया संगठन उनका आभार व्यक्त करता है। उन्होंने कहा कि हमें राज्य सरकार की शिक्षा विरोधी नीति का विरोध करना होगा। शिक्षा विद् जोगाराम सुथार ने कर्मचारियों के आंदोलन के फलस्वरूप ही आज हमें ठीक-ठाक वेतन प्राप्त हो रहा है। संघर्ष की धार को और तीखी करनी होगी। संगठन के प्रदेश महामंत्री महादेवाराम देवासी ने सभी शिक्षकों को संगठित होकर संघर्ष करने का आह्वान किया। समापन समारोह को नगर पालिका नेता प्रतिपक्ष बीरबल विश्नोई, लक्ष्मण राजपुरोहित ने सम्बोधित करते हुए कहा कि शिक्षक समाज में उच्च आदर्श स्थापित करने वाला व्यक्तित्व होता है। किसी भी देश या समाज के निर्माण में शिक्षा की अहम् भूमिका होती है। कहा जाए तो शिक्षक ही समाज का आईना होता है। वहीं कार्यक्रम का संचालन संगठन जिला मंत्री जयकरण खिलेरी द्वारा किया गया।
यह थे मौजूद
राजस्थान शिक्षक संघ प्रगतिशील के दो दिवसीय समापन समारोह में मकाराम चौधरी, सूरजनराम साऊ, चुतराराम सियाग, जयकरण खिलेरी, छोगाराम सारण, प्रभाराम चौधरी, बाबुलाल कड़वासरा, रामनिवास साऊ, बाबुलाल सिंयाग, राजूराम विश्नोई आहोर, प्रकाश नारायण माली, बालकृष्ण शर्मा, लाडूराम खिंचड, रूडाराम देवासी, हरिराम चौधरी, जवाहराराम मेघवाल, राणाराम सारण, राजूराम विश्नोई, देवराज चौधरी, जगदीश मांजू, बाबुलाल मांजू, पन्नाराम गोदारा, नरिंगाराम चौधरी, राजूराम कुराडा, राजेन्द्र साऊ, सुनिल सारण, बुद्धाराम गोदारा, श्रवण गोदारा, ओमप्रकाश, भगराज सारण, भीखुशाह, भलाराम, हरिराम सांकड, पी.सी डारा, संजय गोदारा, जगदीशचन्द्र, हरचंदराम मेघवाल, शंकराराम मेघवाल, हेमराज राणा, जयकिशन मेघवाल, जयकिशन राणा, लाखाराम प्रजापत, करणसिंह, किशनलाल सहित बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद थे।
प्रदेश कार्यकारिणी की हुई बैठक आयोजित
प्रदेश महामंत्री पूनमचंद विश्नोई ने बताया कि समापन समारोह के पूर्व प्रात: 9 बजे प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक आयोजित हुई। जिसमें सम्मेलन में प्राप्त प्रस्तावोंं को अंतिम रूप दिया गया। वहीं शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं के निराकरण हेतु आंदोलन व संघर्ष करने का निर्णय लिया गया।
खुला अधिवेशन में शिक्षकों की समस्याओं पर चर्चा
प्रदेश सम्मेलन के द्वितीय चरण में खुला अधिवेशन प्रदेशाध्यक्ष वन्नाराम चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित हुआ जिसमें विभिन्न जिलों के जिलाध्यक्षों द्वारा अपने-अपने जिलों की संगठनात्मक गतिविधियों, सदस्यता अभियान, शिक्षकों की ज्वंलत समस्याओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी।